दिल्ली में नो-फ्लाई जोन लागू, हवाई सेवाओं पर प्रतिबंध
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नागपुर |
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में गणतंत्र दिवस (Republic Day) समारोह की तैयारियों के चलते हवाई सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। इसी के तहत दिल्ली को नो-फ्लाई जोन घोषित किया गया है, जिसका सीधा असर नागपुर–दिल्ली हवाई मार्ग पर पड़ा है। एअर इंडिया की नागपुर और दिल्ली के बीच संचालित होने वाली दो तड़के की उड़ानों को 26 जनवरी तक रद्द कर दिया गया है। सुरक्षा कारणों से लागू इन हवाई प्रतिबंधों के चलते यह निर्णय लिया गया है। एयरलाइन अधिकारियों के अनुसार, गणतंत्र दिवस से पहले और समारोह के दिन दिल्ली के हवाई क्षेत्र में विशेष सुरक्षा प्रोटोकॉल लागू किए जाते हैं, जिसके तहत कुछ उड़ानों को अस्थायी रूप से रोका जाता है।
तड़के की उड़ानें प्रभावित, यात्रियों को हो रही असुविधा
रद्द की गई दोनों उड़ानें सुबह के समय संचालित होती थीं, जिनका उपयोग बड़ी संख्या में व्यावसायिक यात्रियों, सरकारी अधिकारियों और आगे की कनेक्टिंग फ्लाइट पकड़ने वाले यात्रियों द्वारा किया जाता था। इन उड़ानों के रद्द होने से यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है और कई लोगों को अपनी यात्रा योजनाओं में बदलाव करना पड़ा है। हालांकि, अन्य समय की उड़ानों पर फिलहाल कोई प्रभाव नहीं पड़ा है और वे अपने निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार संचालित हो रही हैं। एयरलाइन सूत्रों ने बताया कि यह प्रतिबंध अस्थायी है और सुरक्षा एजेंसियों के निर्देशों के अनुसार ही उड़ानों के संचालन में बदलाव किया गया है। हर वर्ष गणतंत्र दिवस के दौरान इस तरह के प्रतिबंध लगाए जाते हैं ताकि परेड और अन्य कार्यक्रमों के दौरान हवाई सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
एअर इंडिया ने दी वैकल्पिक व्यवस्था की सुविधा
एअर इंडिया ने प्रभावित यात्रियों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था उपलब्ध कराने की बात कही है। जिन यात्रियों की उड़ानें रद्द हुई हैं, उन्हें बिना अतिरिक्त शुल्क के दूसरी उड़ानों में समायोजित किया जा रहा है या फिर टिकट की तारीख बदलने और रिफंड का विकल्प दिया जा रहा है। एयरलाइन ने यात्रियों से अपील की है कि वे यात्रा से पहले अपनी फ्लाइट की स्थिति की पुष्टि कर लें और किसी भी तरह की जानकारी के लिए कस्टमर केयर से संपर्क करें। अधिकारियों के अनुसार, 26 जनवरी के बाद सुरक्षा प्रतिबंध हटते ही रद्द की गई उड़ानों का संचालन फिर से सामान्य होने की उम्मीद है। तब तक यात्रियों को वैकल्पिक उड़ानों या अन्य साधनों के जरिए अपनी यात्रा की योजना बनाने की सलाह दी गई है।